सीधा जवाब: अंजना सिंह भोजपुरी सिनेमा की प्रमुख अभिनेत्रियों में हैं। जन्म 7 अगस्त 1990 को लखनऊ में — बिहार में नहीं, जैसा अक्सर मान लिया जाता है। उम्र 36 साल।
2012 में ‘एक और फ़ौलाद’ से डेब्यू, और करियर के पहले दो साल में ही करीब 25 फ़िल्में साइन कर लीं।
भोजपुरी सिनेमा में लंबा टिकना और तेज़ शुरुआत करना — ये दो अलग बातें हैं, और बहुत कम लोगों के पास दोनों होती हैं। अंजना सिंह के पास दोनों हैं।
उन्होंने 21 साल की उम्र में शुरुआत की, दो साल में इतनी फ़िल्में साइन कीं जितनी कई कलाकार पूरे करियर में नहीं करते, और चौदह साल बाद भी वह काम कर रही हैं — बीच में एक शादी टूटने और अकेले बेटी पालने के बावजूद।
एक नज़र में
| नाम | अंजना सिंह |
| जन्म | 7 अगस्त 1990, लखनऊ (उत्तर प्रदेश) |
| उम्र | 36 साल |
| पढ़ाई | बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार यूनिवर्सिटी, मुज़फ़्फ़रपुर — स्नातक |
| टीवी डेब्यू | ‘भाग ना बचे कोई’ (भोजपुरी) |
| फ़िल्म डेब्यू | ‘एक और फ़ौलाद’ (2012), रवि किशन के साथ |
| ख़ास रिकॉर्ड | डेब्यू के पहले दो साल में करीब 25 फ़िल्में साइन कीं |
| अवॉर्ड | बेस्ट एक्ट्रेस (व्यूअर्स चॉइस), लंदन 2017; बेस्ट एक्ट्रेस, मलेशिया 2018 — ‘जिगर’ के लिए |
| शादी | यश कुमार मिश्रा से 2013 में; 2018 में तलाक़ |
| बेटी | अदिति (2015) |
लखनऊ की हैं, बिहार की नहीं — और यह फ़र्क़ मायने रखता है
भोजपुरी की ज़्यादातर बड़ी अभिनेत्रियों की तरह अंजना सिंह के बारे में भी यह मान लिया जाता है कि वह बिहार से हैं। ऐसा नहीं है — उनका जन्म 7 अगस्त 1990 को लखनऊ में हुआ।
बिहार से नाता पढ़ाई का है। उन्होंने मुज़फ़्फ़रपुर की बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार यूनिवर्सिटी से स्नातक किया। यानी भोजपुरी क्षेत्र से रिश्ता असली है, बस जन्म का नहीं।
यह उन्हें उस समूह में रखता है जिसमें भोजपुरी की कई शीर्ष अभिनेत्रियाँ हैं — इंडस्ट्री की भाषा और दर्शक भोजपुरी हैं, लेकिन कलाकार बाहर से आए हैं। मोनालिसा कोलकाता से हैं, और रानी चटर्जी का असली नाम सबीहा शेख़ है।
टीवी से शुरुआत, फिर 2012 में दो डेब्यू
अंजना ने अभिनय की शुरुआत भोजपुरी टीवी शो ‘भाग ना बचे कोई’ से की। इसी दौर में, 2012 में, 21 साल की उम्र में उनकी पहली फ़िल्म ‘एक और फ़ौलाद’ आई, जिसमें वह रवि किशन के साथ थीं।
भोजपुरी में नई अभिनेत्री का पहली ही फ़िल्म में रवि किशन जैसे स्थापित नाम के सामने आना बड़ी बात थी, और असर तुरंत दिखा।
दो साल, 25 फ़िल्में — वो आँकड़ा जो उनकी पहचान बन गया
अंजना सिंह के बारे में सबसे ज़्यादा दोहराई जाने वाली बात यही है: डेब्यू के पहले दो साल में उन्होंने करीब 25 फ़िल्में साइन कीं। रिपोर्ट्स के मुताबिक़ वह ऐसा करने वाली पहली भोजपुरी अभिनेत्री थीं।
यह आँकड़ा समझने लायक़ है। भोजपुरी सिनेमा में शूटिंग शेड्यूल छोटे होते हैं और एक कलाकार समानांतर कई प्रोजेक्ट कर सकता है — लेकिन 25 फ़िल्में तब भी असाधारण हैं। इसका मतलब यह भी है कि प्रोड्यूसर उन्हें सुरक्षित दाँव मान रहे थे, जो किसी नई अभिनेत्री के लिए दुर्लभ है।
इस रफ़्तार ने उन्हें लगभग हर बड़े भोजपुरी हीरो के साथ पहुँचा दिया:
- पवन सिंह के साथ — ‘दिलवाला’, ‘तेरे जइसा यार कहाँ’, ‘दुश्मन’
- दिनेश लाल यादव ‘निरहुआ’ के साथ — ‘गुंडे’, ‘सात सहेलियाँ’
- ख़ेसारी लाल यादव के साथ — ‘दबंग आशिक़’, ‘हीरो नंबर 1’
- रवि किशन के साथ — ‘लागल रहs बतासा’, ‘शेर-ए-हिंदुस्तान’
इनके अलावा ‘लावारिस’, ‘ट्रक ड्राइवर’, ‘लव और राजनीति’ (2016), ‘नागराज’ (2018) और ‘सनकी दारोगा’ (2018) उनके नाम दर्ज हैं।
दो अंतरराष्ट्रीय अवॉर्ड
अंजना के पास इंटरनेशनल भोजपुरी फ़िल्म अवॉर्ड्स के दो ख़िताब हैं, और दोनों भारत से बाहर मिले:
- लंदन, 2017 — बेस्ट एक्ट्रेस (व्यूअर्स चॉइस)
- मलेशिया, 2018 — बेस्ट एक्ट्रेस, फ़िल्म ‘जिगर’ के लिए
लगातार दो साल दो अलग देशों में मिला यह सम्मान बताता है कि भोजपुरी सिनेमा का दर्शक सिर्फ़ यूपी-बिहार में नहीं है — प्रवासी दर्शक इस इंडस्ट्री का बड़ा हिस्सा हैं।
शादी, और पाँच साल में उसका टूटना
2013 में, करियर के सबसे तेज़ दौर में, अंजना ने भोजपुरी अभिनेता यश कुमार मिश्रा से शादी की। दोनों की मुलाक़ात फ़िल्म ‘दिलदार सजनी’ के सेट पर हुई थी। 2015 में उनकी बेटी अदिति हुई।
शादी लंबी नहीं चली। 2018 में दोनों अलग हो गए।
प्रभात ख़बर की रिपोर्ट के मुताबिक़ रिश्ते में तनाव तब बढ़ा जब अंजना को पता चला कि यश कुमार और अभिनेत्री निधि झा एक-दूसरे के क़रीब हैं। यश कुमार ने बाद में निधि झा से शादी कर ली।
यह हिस्सा मीडिया रिपोर्ट्स पर आधारित है — अंजना सिंह ने ख़ुद सार्वजनिक रूप से इस पर विस्तार से कुछ नहीं कहा है, और यहाँ यह उसी रूप में दर्ज है जैसा रिपोर्ट किया गया।
तलाक़ के बाद उन्होंने काम नहीं छोड़ा। वह बेटी अदिति की परवरिश अकेले कर रही हैं और साथ में फ़िल्में भी कर रही हैं।
हाल की चर्चा: ‘इंडस्ट्री की मंथरा मौसी’
अगस्त 2026 में अंजना सिंह भोजपुरी इंडस्ट्री की सबसे तीखी बहसों में से एक के केंद्र में आ गईं। रियलिटी शो ‘भोजपुरी बवाल’ के बाद उन्होंने काजल राघवानी को “इंडस्ट्री की मंथरा मौसी” कहा और इंडस्ट्री साफ़ दो हिस्सों में बँटी दिखी।
यह उनके स्वभाव के बारे में एक बात बताता है जो उनके करियर से मेल खाती है — वह चुप रहने वाली कलाकार नहीं हैं। काजल राघवानी कौन हैं, यह भी पढ़ा जा सकता है।
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अक्सर पूछे जाने वाले सवाल
अंजना सिंह कौन हैं?
अंजना सिंह भोजपुरी फ़िल्मों और टीवी की अभिनेत्री हैं। उन्होंने 2012 में ‘एक और फ़ौलाद’ से डेब्यू किया और पवन सिंह, निरहुआ, ख़ेसारी लाल यादव और रवि किशन जैसे लगभग हर बड़े भोजपुरी अभिनेता के साथ काम किया है।
अंजना सिंह की उम्र कितनी है और वह कहाँ से हैं?
उनका जन्म 7 अगस्त 1990 को लखनऊ, उत्तर प्रदेश में हुआ — यानी वह 36 साल की हैं। पढ़ाई उन्होंने मुज़फ़्फ़रपुर की बाबासाहेब भीमराव अंबेडकर बिहार यूनिवर्सिटी से की।
अंजना सिंह के पति कौन हैं?
उन्होंने 2013 में भोजपुरी अभिनेता यश कुमार मिश्रा से शादी की थी, लेकिन 2018 में दोनों अलग हो गए। उनकी एक बेटी है — अदिति, जिनका जन्म 2015 में हुआ।
अंजना सिंह की पहली फ़िल्म कौन-सी है?
‘एक और फ़ौलाद’ (2012), जिसमें वह रवि किशन के साथ थीं। इससे पहले वह भोजपुरी टीवी शो ‘भाग ना बचे कोई’ में काम कर चुकी थीं।
अंजना सिंह को कौन-से अवॉर्ड मिले हैं?
इंटरनेशनल भोजपुरी फ़िल्म अवॉर्ड्स में दो — 2017 में लंदन में बेस्ट एक्ट्रेस (व्यूअर्स चॉइस), और 2018 में मलेशिया में फ़िल्म ‘जिगर’ के लिए बेस्ट एक्ट्रेस।
अंजना सिंह ने कितनी फ़िल्में की हैं?
सटीक संख्या दर्ज नहीं है, लेकिन उनके करियर की सबसे चर्चित बात यह है कि डेब्यू के पहले ही दो साल में उन्होंने करीब 25 फ़िल्में साइन कर ली थीं।
स्रोत: विकिपीडिया, India.com और प्रभात ख़बर।












